मुंबई में सनसनीखेज वारदात: बेल पर बाहर आए हिस्ट्रीशीटर पर एक दर्जन बार चाकू से वार, बचाने आई मंगेतर भी जख्मी
मुंबई से सटे कल्याण (पूर्व) में एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। हत्या के एक मामले में हाल ही में जमानत पर
मुंबई से सटे कल्याण (पूर्व) में एक दिल दहला देने वाली वारदात सामने आई है। हत्या के एक मामले में हाल ही में जमानत पर बाहर आए एक हिस्ट्रीशीटर की गुरुवार तड़के कुछ लोगों ने चाकू मारकर बेरहमी से हत्या कर दी। इस हमले में उसे बचाने की कोशिश कर रही उसकी प्रेमिका भी मामूली रूप से जख्मी हो गई। पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, मृतक की पहचान कल्याण (पूर्व) के अदिवाली इलाके के रहने वाले अर्जुन कालपांडे उर्फ 'पेंड्या भाई' के रूप में हुई है। हमलावरों ने अर्जुन पर चाकू से ताबड़तोड़ 12 से 13 वार किए थे।
वारदात के बाद उसे आनन-फानन में पास के अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने इलाज शुरू करने से पहले ही उसे मृत घोषित कर दिया। यह घटना बुधवार और गुरुवार की दरमियानी रात की है। अर्जुन कालपांडे अदिवाली इलाके में अपनी महिला दोस्त के साथ मौजूद था। इसी दौरान अविनाश झा, गौरव उर्फ 'बॉम्बे' और उनके चार अन्य साथियों ने उन्हें रास्ते में रोक लिया। पुरानी दुश्मनी के चलते इन लोगों ने अर्जुन पर धारदार हथियारों से हमला कर दिया। जब अर्जुन की महिला दोस्त ने बीच-बचाव कर उसे बचाने की कोशिश की, तो हमलावरों ने उस पर भी हमला कर दिया, जिससे उसे मामूली चोटें आईं।पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि इस खूनी हमले के पीछे अर्जुन और मुख्य आरोपी अविनाश व बॉम्बे के बीच का पुराना विवाद हो सकता है।
घटना से करीब चार दिन पहले भी इनके बीच किसी बात को लेकर तीखी बहस हुई थी। पुलिस अब इस एंगल से भी जांच कर रही है कि क्या इस वारदात को बदले की भावना से अंजाम दिया गया है।मृतक अर्जुन कालपांडे खुद एक आपराधिक बैकग्राउंड का था। वह करीब डेढ़ साल पहले कल्याण (पूर्व) में हुए संदीप राठौड़ मर्डर केस में आरोपी था और कुछ समय पहले ही बेल पर जेल से बाहर आया था। अर्जुन के परिवार वालों ने पुलिस को बताया कि उसकी शादी तय हो चुकी थी और अगले चार महीनों में वह अपनी इसी प्रेमिका के साथ शादी के बंधन में बंधने वाला था।इस मामले में मानपाड़ा पुलिस ने अविनाश झा, 'बॉम्बे'और उनके चार अन्य साथियों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कर लिया है।
वारदात के बाद से ही सभी आरोपी फरार हैं। डोंबिवली के एसीपी सुहास हेमाडे ने मीडिया को बताया कि फरार आरोपियों को पकड़ने के लिए पुलिस की कई टीमें बनाई गई हैं और अलग-अलग जगहों पर छापेमारी की जा रही है। पुलिस हत्या की असली वजह का पता लगाने के लिए हर संभावित पहलू की बारीकी से जांच कर रही है।
