मौलाना का विवादित बयान- श्रीकृष्ण 5 बार नमाज पढ़ते थे:लखनऊ में प्रदर्शन, संत ने कहा- मौलाना की जीभ काटने वाले को 10 लाख इनाम देंगे
यूपी में इटावा के रहने वाले मौलाना जर्जिस अंसारी ने भगवान श्रीकृष्ण पर विवादित बयान दिया है। मौलाना ने कहा, भगवान श्रीकृष्ण धर्म से मुस्लिम
यूपी में इटावा के रहने वाले मौलाना जर्जिस अंसारी ने भगवान श्रीकृष्ण पर विवादित बयान दिया है। मौलाना ने कहा, भगवान श्रीकृष्ण धर्म से मुस्लिम थे और दिन में 5 बार नमाज पढ़ा करते थे। अगर योगी राम के बड़े भक्त बनते हैं, अगर वे हमारी किताब पढ़ लें तो इस्लाम से मोहब्बत करने लगेंगे। मौलाना के बयान वीडियो गुरुवार को सोशल मीडिया पर आने के बाद हिंदू संगठनों ने गहरी नाराजगी जताई। लखनऊ में हिंदू महासभा ने मौलाना की तस्वीरों को पैरों से रौंदकर प्रदर्शन किया। हजरतगंज कोतवाली में FIR के लिए शिकायत दी है। अयोध्या के संत विष्णु दास ने मौलाना के बयान की निंदा करते हुए कहा- जो कोई मौलाना जर्जिस अंसारी की जीभ काटकर लाएगा, उसे वह 10 लाख रुपये का नकद इनाम देंगे। मौलाना का यह बयान 23 जून का बताया जा रहा है, जो उन्होंने झारखंड में देवघर जिले के लकरबंधा मैदान में आयोजित जलसे में दिया था। अब विस्तार से जानिए पूरा मामला… पहले मौलाना का बयान, हूबहू पढ़िए… मौलाना जर्जिस अंसारी ने कहा- ‘हमारे भाई अगर बुरा ना मानें, तो कृष्ण जी भी पांचों वक्त की नमाज पढ़ा करते थे। यकीन ना आए तो श्रीमद्भागवत गीता का छठा अध्याय का दसवां मंत्र देख लीजिए।’ योगी युञ्जीत सततमात्मानं रहसि स्थितः। एकाकी यतचित्तात्मा निराशीरपरिग्रहः ॥ मौलाना ने दावा किया- 'श्लोक में कृष्ण जी अर्जुन से कह रहे हैं कि हे अर्जुन! ईश्वर की जब पूजा करो तो पूरे शरीर का योग करो। योगी, यूपी वाला नहीं। योगी युञ्जीत सततमात्मानं, पूरे शरीर का योग करो। यानी पूजा सिर्फ खड़े होकर नहीं, पूरे शरीर के साथ होनी चाहिए और पूरे शरीर का योग होना चाहिए। आज हिंदू धर्म में चले जाइए, सिर्फ ऐसे हाथ उठाएंगे, 'ओम नमः शिवाय', बस हो गई पूजा। ये हिंदू-मुस्लिम अगर ये अपनी किताबें पढ़ लें, योगी जी बड़े भक्त बनते हैं राम के... अगर अपनी किताबें पढ़ लें, अपनी किताबें, तो यकीन मानिए इस्लाम से मोहब्बत करने लगेंगे।
क्योंकि इस्लाम ये मुसलमानों का धर्म है ही नहीं सिर्फ, ये उनका भी धर्म है। इसी दीन और इसी धर्म को रामचंद्र जी ने भी पेश किया है, कृष्ण जी ने भी पेश किया है। ये सिर्फ मुसलमानों का नहीं है।' आगे बढ़ने से पहले भास्कर पोल में हिस्सा लेकर राय दें- मौलाना ने श्लोक की गलत व्याख्या की मौलाना जर्जिस अंसारी ने अपने बयान में श्रीमद्भगवद्गीता के इस श्लोक की गलत व्याख्या की है और अपने हिसाब से उसे लोगों को समझाया। श्लोक में कहीं भी नमाज या इस्लाम का जिक्र नहीं है। दरअसल, यह भगवद्गीता के अध्याय 6 का 10वां श्लोक है। इस श्लोक का वास्तविक अर्थ है- एक योगी का धर्म है कि वह निरंतर अपने मन, शरीर और आत्मा को परमात्मा में लगाए। एकांत जगह पर और खुद को अकेला करे और अपने मन और इंद्रियों को वश में रखते हुए, सभी प्रकार की इच्छाओं और मोह से मुक्त हो जाए।' लखनऊ में मौलाना के खिलाफ प्रदर्शन हिंदू महासभा के प्रवक्ता शिशिर चतुर्वेदी के साथ लोगों ने लखनऊ में मौलाना जर्जिस अंसारी के खिलाफ प्रदर्शन किया। सभी हजरतगंज कोतवाली पहुंचे और मौलाना के खिलाफ शिकायत दी। शिशिर ने कहा- मौलाना जर्जिस ने भगवान कृष्ण को कट्टर मुसलमान, पांच वक्त का नमाजी बताया। इससे सनातन का घोर अपमान हुआ है। हम मुकदमा दर्ज कराने हजरतगंज कोतवाली आए हैं। अगर ये कार्रवाई नहीं होती है, तो हम कल सीएम आवास कूच करेंगे। अगर कार्रवाई नहीं हुई, तो हम अखिलेश यादव के आवास कूच करेंगे। सनातन का अपमान पर अगर दोनों चुप रहेंगे, तो सनातन के लिए, भगवान कृष्ण के लिए, भगवान राम के लिए कौन लड़ेगा? शिशिर ने कहा- अखिलेश से मेरा निवेदन है, राम मंदिर चढ़ावा चोरी पर आप बहुत बोले। कम से कम अपने पूर्वज, जिनके आप वंशज हो, उन प्रभु कृष्ण जी के ऊपर दो शब्द बोल दीजिए, एक FIR करा दीजिए, कुछ मुंह खोल दीजिए, क्योंकि जाना वहीं है और आप इटावा के हो, मौलाना जर्जिस भी इटावा का है।