सोनम वांगचुक के अनशन पर दिल्ली हाईकोर्ट में अर्जेंट सुनवाई:कोर्ट ने केंद्र-दिल्ली सरकार से जवाब मांगा; वांगचुक 18 दिन से भूख हड़ताल पर, सेहत बिगड़ी
दिल्ली के जंतर-मंतर पर 18 दिन से भूख हड़ताल कर रहे सोनम वांगचुक को लेकर दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दायर की गई है। इसमें वांगचुक
दिल्ली के जंतर-मंतर पर 18 दिन से भूख हड़ताल कर रहे सोनम वांगचुक को लेकर दिल्ली हाईकोर्ट में याचिका दायर की गई है। इसमें वांगचुक को तुरंत मेडिकल सुविधा और इलाज देने की मांग की गई है। इसे लेकर जस्टिस डीके उपाध्याय और जस्टिस तेजस करिया की बेंच ने केंद्र और दिल्ली सरकार से गुरुवार सुबह तक जवाब मांगा है। बार एसोसिएशन के बहिष्कार के कारण सरकार की ओर से कोई वकील मौजूद नहीं होने के कारण सुनवाई कल होगी।
याचिकाकर्ता राकेश कुमार सैनी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कहा कि भूख हड़ताल से वांगचुक की तबीयत बिगड़ रही है। कोर्ट को अर्जेंट सुनवाई करनी चाहिए। वांगचुक नीट पेपर लीक और परीक्षाओं में गड़बड़ी के मामले में शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर 28 जून से अनशन कर रहे हैं। वांगचुक की भूख हड़ताल की 4 तस्वीरें… याचिका में की गईं प्रमुख मांगें… सोनम वांगचुक 170 दिन जोधपुर जेल में रहे लद्दाख को पूर्ण राज्य का दर्जा दिलाने की मांग को लेकर आंदोलन कर रहे सोनम वांगचुक 170 दिन तक जोधपुर जेल में रहे।
उनके अनशन के दौरान 24 सितंबर 2025 को लेह में हिंसा हुई, जिसमें 4 लोगों की मौत और 90 लोग घायल हुए। सरकार ने हिंसा भड़काने का आरोप वांगचुक पर लगाया। इसके दो दिन बाद, 26 सितंबर को उन्हें राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (NSA) के तहत हिरासत में लेकर जोधपुर जेल भेज दिया गया। की टिप्पणी के बाद बनी CJP, युवाओं को कॉकरोच कहा था 15 मई को सुनवाई के दौरान चीफ जस्टिस सूर्यकांत ने कुछ बेरोजगार युवाओं की तुलना कॉकरोच से की थी।
इसी टिप्पणी के बाद कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) की शुरुआत हुई। अगले दिन 16 मई को अमेरिका में रहने वाले अभिजीत दीपके ने CJP बनाई। 22 मई को उन्होंने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग वाली ऑनलाइन याचिका शुरू की, जिसे 8 लाख से ज्यादा समर्थन मिलने का दावा किया गया। CJP का 8 शहरों में प्रदर्शन