MBBS की 9,911 नई सीटें बढ़ीं: 25 नए मेडिकल कॉलेजों को भी मंजूरी;, इस बार कितने अभ्यर्थियों का होगा दाखिला?
आंकड़ों के अनुसार, सबसे ज्यादा कर्नाटक में 1,300 सीटों का इजाफा हुआ है। तमिलनाडु में 950 सीटों की बढ़ोतरी हुई है। उत्तर प्रदेश में सरकारी
आंकड़ों के अनुसार, सबसे ज्यादा कर्नाटक में 1,300 सीटों का इजाफा हुआ है। तमिलनाडु में 950 सीटों की बढ़ोतरी हुई है। उत्तर प्रदेश में सरकारी मेडिकल कॉलेजों में एक भी सीट नहीं बढ़ी है, जबकि निजी मेडिकल कॉलेजों में कुल 800 सीटों का इजाफा हुआ है। इसी के साथ यहां इस बार 14,000 सीटों पर दाखिला मिलेगा। उत्तराखंड में सिर्फ 150 सीटें बढ़ीं हैं। हिमाचल प्रदेश में सिर्फ एक सीट का इजाफा हुआ है।
सबसे बड़ी बात यह है कि इस बार नई सीटों के साथ 25 नए मेडिकल कॉलेजों को भी मंजूरी दी गई है, जिससे आने वाले वर्षों में डॉक्टरों की उपलब्धता बढ़ने की उम्मीद है।एनएमसी के अनुसार, इस बार बढ़ाई गई सीटों में 2,111 सीटें सरकारी मेडिकल कॉलेजों और 7,800 सीटें निजी मेडिकल कॉलेजों में जोड़ी गई हैं। कुल मिलाकर अब देश में 823 मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस की पढ़ाई होगी, जिनमें 441 सरकारी और 382 निजी मेडिकल कॉलेज शामिल हैं।नई सीटों में 2,400 सीटें पूरी तरह नए मेडिकल कॉलेजों की हैं।
इनमें सात नए सरकारी कॉलेजों में 400 और 18 नए निजी कॉलेजों में 2,000 सीटें शामिल हैं। बाकी सीटें पहले से मौजूद कॉलेजों में प्रवेश क्षमता बढ़ाकर जोड़ी गई हैं। इस फैसले से नीट-यूजी अभ्यर्थियों को सबसे अधिक राहत मिलने की उम्मीद है।एनएमसी ने साफ किया है कि यह सीट मैट्रिक्स मेडिकल असेसमेंट एंड रेटिंग बोर्ड (एमएआरबी) की ओर से स्वीकृत नए मेडिकल कॉलेजों और मौजूदा कॉलेजों में सीट वृद्धि के आधार पर तैयार की गई है।
अगर अपील समिति या किसी सक्षम प्राधिकरण का कोई नया निर्णय आता है तो इसमें संशोधन भी किया जा सकता है। सभी मेडिकल कॉलेजों को केवल स्वीकृत सीटों पर ही प्रवेश देने के निर्देश दिए गए हैं।
