केरल के अदूर थाने के बाहर यूट्यूबर की बेरहमी से कुटाई: मूकदर्शक बनी रही पुलिस, क्या है पूरा मामला?
पुलिस के मुताबिक, जैसे ही राजन जोसेफ को पुलिस वाहन से बाहर निकाला गया, करीब 20 अज्ञात लोगों ने उसे घेर लिया। इसके बाद भीड़
पुलिस के मुताबिक, जैसे ही राजन जोसेफ को पुलिस वाहन से बाहर निकाला गया, करीब 20 अज्ञात लोगों ने उसे घेर लिया। इसके बाद भीड़ ने उसके साथ मारपीट शुरू कर दी। पुलिस ने बीच-बचाव किया और काफी मशक्कत के बाद आरोपी को भीड़ से छुड़ाकर थाने के अंदर सुरक्षित पहुंचाया। इस हंगामे को शांत करने और आरोपी को बचाने के चक्कर में कुछ पुलिसकर्मियों को भी चोटें आई हैं। पुलिस अब हमलावरों की पहचान करने में जुटी है।
शक है कि हमला करने वाले लोग यूथ कांग्रेस से जुड़े हुए थे।शिकायतकर्ता कांग्रेस नेता कुंजम्मा ने सोमवार को पत्रकारों से कहा कि जो लोग ऐसे वीडियो बनाते हैं, उन्हें जनता के गुस्से का सामना करने के लिए तैयार रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि अगर ऐसा वीडियो बनाया गया है, तो यह बिल्कुल स्वाभाविक है कि ऐसे लोग जब अदूर आएंगे, तो उनकी पिटाई हो सकती है। यह सामान्य बात है। इसके पीछे जो कोई भी हो, अगर वे पिटे हैं, तो मैं इसे उनके अपने कर्मों का फल मानती हूं।
कुंजम्मा ने इन आरोपों को खारिज कर दिया कि इस हमले के पीछे यूथ कांग्रेस या केएसयू के कार्यकर्ता थे। उन्होंने कहा कि ऐसे दावे करना गलत है।कुंजम्मा का आरोप है कि पिछले साल सितंबर से जोसेफ और सिबी नाम के एक अन्य यूट्यूबर ने उनके खिलाफ करीब 25 वीडियो अपलोड किए थे। ये वीडियो 10 से 15 मिनट के थे, जिनमें उनका चरित्र हनन किया गया था। उन्होंने एक महिला की मर्यादा को ठेस पहुंचाने का काम किया।
कुंजम्मा ने बताया कि जब वह सीपीआई में थीं और उन्होंने अपनी ही पार्टी के एक नेता पर भ्रष्टाचार के आरोप लगाए थे, तब उनके खिलाफ पहला वीडियो डाला गया था। उन्होंने जोसेफ को पहली बार लॉकअप में ही देखा था। उन्होंने सीपीआई(एम) से इस मुद्दे पर अपना रुख साफ करने को कहा है, क्योंकि स्थानीय सीपीआई(एम) नेता रविवार को आरोपी को जमानत दिलाने थाने पहुंचे थे।
