अल-नीनो: जो 2035 में होना था...वो मौसम 2026 में ही दिखने लगेगा?
दुनिया में एक बार फिर सुपर अल-नीनो की चर्चा तेज हो गई है. क्लाइेट वैज्ञानिकों का कहना है कि अगर इस बार अल-नीनो बहुत ताकतवर
दुनिया में एक बार फिर सुपर अल-नीनो की चर्चा तेज हो गई है. क्लाइेट वैज्ञानिकों का कहना है कि अगर इस बार अल-नीनो बहुत ताकतवर हुआ, तो आने वाले महीनों में कई देशों में रिकॉर्ड गर्मी, लंबे हीटवेव, सूखा, बाढ़ और जंगलों में आग जैसी घटनाएं बढ़ सकती हैं. यही वजह है कि वैज्ञानिक इसे सिर्फ एक मौसम की घटना नहीं, बल्कि फ्यूचर के क्लाइमेट क्राइसेस की चेतावनी मान रहे हैं. उनका कहना है कि यह हमें यह समझने का मौका देगा कि अगर ग्लोबल वॉर्मिंग इसी रफ्तार से बढ़ती रही, तो साल 2035 के आसपास दुनिया का मौसम कैसा हो सकता है.
