भाषण में धमकी का मामला: अभिषेक ने दी आवाज का नमूना देने के आदेश को चुनौती, कलकत्ता हाईकोर्ट कब करेगा सुनवाई?
अभिषेक बनर्जी के वकील ने निचली अदालत के आदेश को चुनौती देने वाली याचिका पर जल्द सुनवाई की मांग की। इस पर न्यायमूर्ति सौगत भट्टाचार्य
अभिषेक बनर्जी के वकील ने निचली अदालत के आदेश को चुनौती देने वाली याचिका पर जल्द सुनवाई की मांग की। इस पर न्यायमूर्ति सौगत भट्टाचार्य ने कहा कि तृणमूल कांग्रेस सांसद को इस मामले में 31 जुलाई तक किसी भी तरह की दंडात्मक कार्रवाई से पहले ही अंतरिम संरक्षण दिया जा चुका है।राज्य सरकार की ओर से पेश अतिरिक्त महाधिवक्ता राजदीप मजूमदार ने अदालत को बताया कि अभिषेक बनर्जी को यह राहत इस शर्त पर दी गई थी कि वह जांच में पूरा सहयोग करेंगे।
ऐसे में उन्हें बिधाननगर अदालत के आदेश के अनुसार अपनी आवाज का नमूना देना चाहिए। उन्होंने कहा कि जांच अधिकारी को मामले की जांच के लिए अभिषेक बनर्जी की आवाज का नमूना चाहिए।डायमंड हार्बर से सांसद अभिषेक बनर्जी ने उप-मंडलीय न्यायिक दंडाधिकारी (एसडीजेएम) अदालत के उस आदेश को हाईकोर्ट में चुनौती दी है, जिसमें उन्हें 8 जुलाई को मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश होकर अपनी आवाज का नमूना देने का निर्देश दिया गया था।
यह मामला पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान उनके कथित धमकी भरे बयानों की पुलिस जांच से जुड़ा है।न्यायमूर्ति भट्टाचार्य ने मामले की सुनवाई शुक्रवार को करने का निर्देश दिया। कलकत्ता हाईकोर्ट ने 21 मई को इस मामले में दर्ज प्राथमिकी के संबंध में अभिषेक बनर्जी को 31 जुलाई तक किसी भी तरह की दंडात्मक कार्रवाई से संरक्षण दिया था। उस समय हाईकोर्ट ने उन्हें जांच में सहयोग करने और अदालत की अनुमति के बिना विदेश नहीं जाने का भी निर्देश दिया था।अभिषेक बनर्जी ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के मतदान से पहले अप्रैल में एक जनसभा के दौरान प्रतिद्वंद्वी दल के नेताओं और कार्यकर्ताओं के खिलाफ की गई कथित टिप्पणियों को लेकर दर्ज प्राथमिकी रद्द करने की भी मांग की है।
दूसरे चरण का मतदान 29 अप्रैल को हुआ था।
