बिल पास कराने की कीमत 12 लाख?: CBI ने NHAI अफसर को रिश्वत लेते दबोचा; कैसे खोली पूरे खेल की परत?
केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) के शिलांग स्थित प्रोजेक्ट डायरेक्टर और दो निजी व्यक्तियों को कथित रिश्वतखोरी के मामले
केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) के शिलांग स्थित प्रोजेक्ट डायरेक्टर और दो निजी व्यक्तियों को कथित रिश्वतखोरी के मामले में गिरफ्तार किया है। एजेंसी के अनुसार, प्रोजेक्ट डायरेक्टर पर शिकायतकर्ता के 13.38 करोड़ रुपये के लंबित बिल को प्रोसेस करने के बदले 12 लाख रुपये की रिश्वत मांगने का आरोप है। CBI द्वारा जारी बयान के अनुसार, एजेंसी ने 1 जुलाई को NHAI के आरोपी अधिकारी, एक निजी व्यक्ति और अन्य के खिलाफ मामला दर्ज किया था। यह कार्रवाई एक शिकायत के आधार पर की गई, जिसमें आरोप लगाया गया कि प्रोजेक्ट डायरेक्टर ने शिकायतकर्ता से 13.38 करोड़ रुपये के बकाया बिल को प्रोसेस करने के लिए 12 लाख रुपये की रिश्वत मांगी।आरोप है कि सरकारी अधिकारी ने शिकायतकर्ता को पहले 4 लाख रुपये एडवांस देने के लिए कहा और निर्देश दिया कि यह रकम गुवाहाटी में मौजूद एक निजी व्यक्ति को सौंपी जाए।
उस निजी व्यक्ति ने शिकायतकर्ता से कहा कि वह यह रकम शहर में ही मौजूद दूसरे निजी व्यक्ति तक पहुंचा दे।CBI ने शिकायत के सत्यापन के बाद जाल बिछाया। एजेंसी ने दोनों निजी व्यक्तियों को शिकायतकर्ता से 4 लाख रुपये की एडवांस रिश्वत की रकम मांगते और लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। इसके बाद NHAI के प्रोजेक्ट डायरेक्टर को भी गिरफ्तार कर लिया गया।गिरफ्तारी के बाद CBI ने आरोपियों के विभिन्न ठिकानों पर तलाशी अभियान चलाया। एजेंसी ने बताया कि मामले की आगे की जांच जारी है और रिश्वतखोरी के पूरे नेटवर्क की पड़ताल की जा रही है।इससे पहले शनिवार को CBI ने हिमाचल प्रदेश के मनाली से मिलिट्री इंजीनियरिंग सर्विसेज (MES) के एक असिस्टेंट गैरिसन इंजीनियर को रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार किया था।CBI के अनुसार, आरोपी अधिकारी ने शिकायतकर्ता की फर्म के बिल पास करने के बदले 93 हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी।
शिकायतकर्ता ने 3 जुलाई को आरोपी के कार्यालय में 40 हजार रुपये बतौर आंशिक भुगतान कर दिए थे।आरोपी अधिकारी ने शिकायतकर्ता को शेष 53 हजार रुपये लेकर दोबारा कार्यालय आने के लिए कहा।
CBI ने जाल बिछाकर आरोपी को शिकायतकर्ता से 53 हजार रुपये लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया। इस तरह आरोपी द्वारा मांगी गई कुल 93 हजार रुपये की रिश्वत का मामला सामने आया।
