West Bengal: बारुईपुर में दुष्कर्म-मर्डर पर सियासत तेज, TMC का आरोप- ममता बनर्जी को रोका गया; BJP क्या बोली?
टीएमसी के वरिष्ठ नेताओं ने बताया कि ममता बनर्जी का घर कालीघाट में है। उनके घर के बाहर की संकरी गली में 10 से ज्यादा
टीएमसी के वरिष्ठ नेताओं ने बताया कि ममता बनर्जी का घर कालीघाट में है। उनके घर के बाहर की संकरी गली में 10 से ज्यादा पुलिस की गाड़ियां खड़ी कर दी गई हैं। पास में ही पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी का भी घर है। वहां भी पुलिस तैनात है। टीएमसी विधायक कुणाल घोष ने सोशल मीडिया पर लिखा कि पूर्व सीएम बारुईपुर जाने वाली थीं। लेकिन उन्हें घर से निकलने से रोकने के लिए बाहर भारी पुलिस बल और बैरिकेड्स लगा दिए गए।पार्टी के आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से भी इस तैनाती पर सवाल उठाए गए। टीएमसी ने इसे विपक्ष को डराने की कोशिश बताया।
टीएमसी ने 'एक्स' पर लिखा कि भाजपा का एक ही एजेंडा है। वह विपक्ष की आवाज दबाना चाहती है। उनके लोकतांत्रिक अधिकारों को रोकना चाहती है। टीएमसी ने इसे भाजपा सरकार की कायरता और डराने की कोशिश कहा। टीएमसी सांसद डेरेक ओ ब्रायन ने भी पुलिस की तैनाती पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी का रास्ता रोकने के लिए जानबूझकर पुलिस की गाड़ियां खड़ी की गई हैं।यह सारा विवाद बच्ची का शव मिलने के कुछ घंटों बाद शुरू हुआ। यह बच्ची एक दिन पहले लापता हो गई थी। उसका शव कोलकाता से करीब 15 किलोमीटर दूर बारुईपुर के सूर्यपुर हाट इलाके में मिला।
बच्ची का शव एक बोरे में भरा हुआ था। इसके बाद स्थानीय लोग भड़क गए। लोगों ने सड़कें जाम कर दीं और टायर जलाए। गुस्साए लोगों ने पुलिस की गाड़ियों में भी तोड़फोड़ की। लोग दोषियों पर तुरंत कार्रवाई की मांग कर रहे थे।बाद में यह घटना और हिंसक हो गई। एक गुस्साई भीड़ ने अपराध में शामिल होने के आरोपी एक व्यक्ति की पीट-पीटकर हत्या कर दी। पुलिस ने बच्ची की मौत के मामले में चार लोगों को गिरफ्तार किया है। दूसरी तरफ, भाजपा ने टीएमसी के सभी आरोपों को खारिज कर दिया है। भाजपा ने इसे एक नियमित सुरक्षा व्यवस्था बताया।
प्रदेश भाजपा के मुख्य प्रवक्ता देबजीत सरकार ने कहा कि टीएमसी बिना बात का मुद्दा बना रही है। उन्होंने कहा कि टीएमसी सिर्फ एक नाटक कर रही है।देबजीत सरकार ने समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया कि जब पूर्व मुख्यमंत्री के पुराने सुरक्षाकर्मियों को बदला गया था, तब भी टीएमसी ने विरोध किया था। ममता बनर्जी को जेड-प्लस श्रेणी की सुरक्षा मिली हुई है। अगर पुलिस उनके घर के बाहर गश्त कर रही है, तो इसमें गलत क्या है? उन्होंने सवाल पूछा कि क्या प्रशासन ने ममता या उनकी पार्टी से कहा है कि वह घर से बाहर नहीं निकल सकतीं?
