शिंदे, खाबरी और अब गौतम... यूपी में कांग्रेस का तीसरा प्रयोग
उत्तर प्रदेश की सियासत में लंबे समय तक दलित समुदाय कांग्रेस के साथ जुड़ा रहा है, लेकिन कांशीराम के द्वारा बसपा के गठन किए जाने
उत्तर प्रदेश की सियासत में लंबे समय तक दलित समुदाय कांग्रेस के साथ जुड़ा रहा है, लेकिन कांशीराम के द्वारा बसपा के गठन किए जाने के बाद से दलित दूर हुआ और कांग्रेस सियासी हाशिए पर पहुंच गई. कांग्रेस दलित वोटों को जोड़ने के लिए कई प्रयोग कर चुकी है और अब राजेंद्र पाल गौतम को प्रभारी बनाया है.
