गैस प्लांट हादसे में 12 भारतीयों की मौत: प्रधानमंत्री मोदी को कतर के अमीर ने किया फोन, जानिए क्या हुई बात
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस फोन कॉल के लिए कतर के अमीर का धन्यवाद किया। दोनों नेताओं ने जान गंवाने वाले मजदूरों के परिवारों का
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस फोन कॉल के लिए कतर के अमीर का धन्यवाद किया। दोनों नेताओं ने जान गंवाने वाले मजदूरों के परिवारों का दर्द साझा किया। साथ ही उन्होंने अस्पताल में भर्ती घायलों के जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना की। भारत और कतर ने जोर दिया कि वे अपने नागरिकों की सुरक्षा के लिए हमेशा प्रतिबद्ध हैं। दोनों देश इस मुश्किल वक्त में एक-दूसरे के साथ खड़े हैं। पीएम मोदी ने कतर सरकार द्वारा घायलों को तुरंत दी गई चिकित्सा सहायता की सराहना की।यह हादसा कतर एनर्जी एलएनजी की ओर से संचालित बरजान गैस आपूर्ति सुविधा में हुआ।
कतर के ऊर्जा मंत्री साद शेरिदा अल-काबी ने घटना की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि यह धमाका किसी साजिश का हिस्सा नहीं था। प्लांट को दोबारा चालू करते समय एक बड़ी तकनीकी खराबी आ गई थी। इसी खराबी के कारण अचानक जोरदार धमाका हुआ और भीषण आग फैल गई। इस आग ने काम कर रहे मजदूरों को संभलने का मौका नहीं दिया।दोहा में स्थित भारतीय दूतावास ने हादसे में हताहत लोगों की पुष्टि की है। इस दर्दनाक धमाके में कुल 13 लोगों ने अपनी जान गंवाई है।
दुखद यह है कि इन 13 मृतकों में से 12 लोग भारत के नागरिक थे। वहीं एक मृतक पड़ोसी देश पाकिस्तान का था। हादसे में कुल 66 लोग गंभीर रूप से झुलस गए हैं। घायलों का इलाज कतर के अस्पतालों में चल रहा है। अभी सभी की हालत पूरी तरह स्थिर बताई जा रही है।यह बरजान गैस प्लांट दिसंबर 2025 से पूरी तरह बंद पड़ा था। यहां बड़े पैमाने पर मरम्मत का काम चल रहा था। इस काम के पूरा होने के बाद, हादसे से ठीक दो दिन पहले ही प्लांट को दोबारा चालू किया गया था।
लेकिन दो दिन बाद ही इतना बड़ा हादसा हो गया। कतर एनर्जी ने साफ किया है कि इस हादसे से देश के एलएनजी निर्यात और बंदरगाह के कामकाज पर कोई असर नहीं पड़ा है। व्यापार पूरी तरह सामान्य रूप से चल रहा है।
