Lucknow, India

चिंताजनक: मानसिक बीमारियां बनीं आत्महत्याओं की सबसे बड़ी वजह, 30 हजार से अधिक लोगों ने दी जान

Published 17 June 2026 · health

राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) के आंकड़ों के अनुसार बीमारी से जुड़ी आत्महत्याओं में मानसिक बीमारियों का योगदान सबसे अधिक रहा। कुल बीमारीजनित आत्महत्याओं में

राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) के आंकड़ों के अनुसार बीमारी से जुड़ी आत्महत्याओं में मानसिक बीमारियों का योगदान सबसे अधिक रहा। कुल बीमारीजनित आत्महत्याओं में लगभग हर दूसरी मौत मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं से जुड़ी थी। वहीं पुरानी और गंभीर शारीरिक बीमारियां भी आत्महत्या का एक प्रमुख कारण बनी रहीं। मानसिक अवसाद, चिंता विकार, गंभीर मनोवैज्ञानिक तनाव और अन्य मानसिक स्वास्थ्य समस्याएं बड़ी संख्या में लोगों को प्रभावित कर रही हैं।स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि लंबे समय तक बीमारी झेलने वाले लोगों में अवसाद और निराशा का खतरा बढ़ जाता है, जिससे आत्महत्या का जोखिम भी बढ़ सकता है।

राज्यवार आंकड़े बताते हैं कि बीमारी के कारण होने वाली आत्महत्याओं का बोझ विभिन्न राज्यों में अलग-अलग है। तमिलनाडु में 5,847, महाराष्ट्र में 3,400 और मध्य प्रदेश में 3,254 मामले सामने आए। तेलंगाना में यह संख्या 2,209 और गुजरात में 2,011 रही। कई राज्यों में मानसिक बीमारियों का योगदान बीमारीजनित आत्महत्याओं के मुकाबले अिधक रहा।बीमारीजनित आत्महत्याओं में कैंसर, नशे की लत और अन्य विशिष्ट रोगों से जुड़े मामलों का प्रतिशत मानसिक बीमारियों और दीर्घकालिक रोगों की तुलना में काफी कम रहा।

हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि कई मामलों में मानसिक और शारीरिक समस्याएं एक-दूसरे से जुड़ी होती हैं, इसलिए वास्तविक प्रभाव कहीं अधिक व्यापक हो सकता है।मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि मानसिक बीमारियों का बढ़ता बोझ विशेष रूप से युवाओं और कामकाजी आयु वर्ग के लिए चिंता का विषय है। हालांकि उपलब्ध आंकड़ों में आयु-आधारित विवरण नहीं दिया गया है, लेकिन विशेषज्ञों के अनुसार शैक्षणिक दबाव, रोजगार संबंधी अनिश्चितता, आर्थिक तनाव, सामाजिक अलगाव और डिजिटल जीवनशैली से जुड़ी चुनौतियां युवाओं के मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित कर रही हैं।

ऐसे में मानसिक स्वास्थ्य सेवाओं तक आसान पहुंच, समय पर परामर्श की उपलब्धता और मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाना बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

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