Lucknow, India

एयरफोर्स का विमान क्रैश, राजस्थान के अग्निवीर की मौत:घर में चल रही थी शादी की बातचीत; जल्द खत्म होने वाला था कार्यकाल

Published 13 June 2026 · india

असम में जोरहाट के रौरिया इंडियन एयरबेस पर शनिवार सुबह 10 बजे लैंडिंग के दौरान वायुसेना का विमान क्रैश हो गया। हादसे में राजस्थान के

असम में जोरहाट के रौरिया इंडियन एयरबेस पर शनिवार सुबह 10 बजे लैंडिंग के दौरान वायुसेना का विमान क्रैश हो गया। हादसे में राजस्थान के डीडवाना-कुचामन जिले के पांचोता गांव के अग्निवीर वायु सैनिक खेमाराम कुमावत (22) शहीद हो गए। हादसे में कुमावत के अलावा पायलट समेत 5 जवानों की मौत हो गई। इनमें स्क्वाड्रन लीडर प्रशांत सिंह, फ्लाइट लेफ्टिनेंट शुभम कुमार, सार्जेंट जितेंद्र शर्मा, अग्निवीरवायु खेमाराम कुमावत और अग्निवीरवायु दानिश आलम शामिल हैं। एक को-पायलट घायल हो गया है। इधर, खेमाराम की शहादत की जानकारी मिलते ही पांचोता सहित पूरे इलाके में मातम पसर गया। परिजन लगातार वायु सेना के अफसरों के संपर्क में हैं। ममेरे भाई महेश कुमावत ने बताया कि खेमाराम का अग्निवीर कार्यकाल जल्द ही पूरा होने वाला था। परिवार में उनकी शादी को लेकर बातचीत चल रही थी। ​शहीद खेमाराम कुमावत किसान परिवार से थे।

उनके परिवार में बुजुर्ग माता-पिता, दो बड़े भाई और एक छोटी बहन है। लैंडिंग के दौरान हुआ हादसा हादसा उस समय हुआ, जब विमान एयरबेस पर उतरने की कोशिश कर रहा था। हादसे के बाद उसमें आग लग गई और दो हिस्से में टूट गया। यह AN-32 मालवाहक विमान था, जिसका इस्तेमाल सैनिकों और सामान की ढुलाई के लिए किया जाता है। हादसे की वजह सामने नहीं आई है। इंडियन एयरफोर्स ने बताया कि विमान रुटीन उड़ान पर था। साथ ही अपील कि शुरुआती नतीजे आने तक कोई अंदाजा न लगाएं। कोर्ट ऑफ इंक्वायरी के आदेश दे दिए हैं। ग्राफिक में समझिए पूरा हादसा एयरफोर्स AN-32 विमानों को बदलने की तैयारी में न्यूज एजेंसी ANI के मुताबिक, भारतीय वायुसेना अपने पुराने AN-32 और IL-76 मालवाहक विमानों को बदलने की तैयारी कर रही है। इसके लिए नए मीडियम ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट (MTA) खरीदे जाएंगे, ताकि भविष्य में सैनिकों, हथियारों और सैन्य सामान की ढुलाई की जरूरतें पूरी की जा सकें।

हादसे के 4 फोटोज… मैप से समझिए हादसा कहां हुआ… AN-32 कार्गो प्लेन पहाड़ी और दुर्गम इलाकों में भी उतरने में सक्षम भारतीय वायु सेना के पास लगभग 100 एंटोनोव AN-32 टैक्टिकल ट्रांसपोर्ट विमानों का बेड़ा है। हालांकि IAF ने शुरू में सोवियत मूल के ऐसे 125 प्लेन खरीदे थे, लेकिन अब एक्टिव-ड्यूटी प्लेन की संख्या लगभग 100 रह गई है। AN-32 ने 1980 से IAF की मीडियम-लिफ्ट ट्रांसपोर्ट क्षमताओं की रीढ़ के तौर पर काम किया है। गर्म मौसम और हिमालय जैसे ऊंचे इलाकों में ऑपरेशन के दौरान इसकी मजबूती के कारण इसे काफी अहम माना जाता है। जनवरी से जून तक वायुसेना के विमानों से जुड़े हादसे 21 जनवरी 2026- उत्तर प्रदेश में IAF का एक ट्रेनी विमान नियमित उड़ान के दौरान दुर्घटनाग्रस्त हुआ। दोनों पायलट सुरक्षित रूप से इजेक्ट हो गए। कोई नागरिक हताहत नहीं हुआ।

हालांकि जांच के लिए कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी बैठाई गई। 7 फरवरी 2026- एक HAL तेजस लड़ाकू विमान टेक-ऑफ के दौरान रनवे से बाहर चला गया। बाद में रिपोर्टों में सॉफ्टवेयर गड़बड़ी को कारण बताया गया। पायलट बच गया, हालांकि उसे चोटें आईं। 5 मार्च 2026- असम के कार्बी आंगलोंग क्षेत्र में ट्रेनिंग के दौरान Su-30MKI क्रैश हो गया था। दोनों पायलट्स की मौत हो गई थी। इनमें से एक पायलट ऑपरेशन सिंदूर से भी जुड़े थे। 17 अप्रैल 2026- पुणे इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर वायुसेना के लड़ाकू विमान की हार्ड लैंडिंग हुई। प्लेन का 'अंडरकैरेज' यानी विमान का निचला हिस्सा खराब हो गया था, जिसके कारण वह रनवे पर टकरा गया। इससे रनवे 11 घंटे बंद रहा।

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