पोस्टर राजनीति पर तमिलनाडु में सियासी संग्राम: उदयनिधि का सीएम विजय पर हमला, निति आयोग बैठक को लेकर उठाए सवाल
तमिलनाडु की राजनीति में निति आयोग की बैठक के बाद नया सियासी विवाद खड़ा हो गया है। विधानसभा में विपक्ष के नेता उदयनिधि स्टालिन ने
तमिलनाडु की राजनीति में निति आयोग की बैठक के बाद नया सियासी विवाद खड़ा हो गया है। विधानसभा में विपक्ष के नेता उदयनिधि स्टालिन ने मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि उन्होंने दिल्ली में आयोजित निति आयोग की बैठक में द्रविड़ मॉडल सरकार की उपलब्धियों पर अपना पोस्टर चिपकाने का काम किया। उदयनिधि ने सवाल उठाया कि जिन उपलब्धियों का उल्लेख मुख्यमंत्री ने किया, वे उनकी एक महीने पुरानी सरकार की देन हैं या फिर पिछली सरकार के पांच वर्षों के काम का नतीजा हैं। उदयनिधि स्टालिन ने कहा कि मुख्यमंत्री विजय ने निति आयोग की 11वीं गवर्निंग काउंसिल बैठक में तमिलनाडु को देश की दूसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बताने, महिलाओं की कार्यबल में 42 प्रतिशत भागीदारी, महिला शिक्षा, स्वास्थ्य, सुरक्षा और स्वयं सहायता समूहों की प्रगति जैसे मुद्दों का उल्लेख किया।
उन्होंने पूछा कि क्या ये उपलब्धियां वर्तमान सरकार के एक महीने के कार्यकाल में हासिल हुई हैं या फिर पूर्व द्रविड़ मॉडल सरकार के शासनकाल में विकसित हुई थीं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार जनता के सामने वास्तविक तस्वीर पेश नहीं कर रही है।उदयनिधि ने मुख्यमंत्री के नीट संबंधी रुख को लेकर भी सवाल खड़े किए। उनका कहना है कि विधानसभा चुनाव प्रचार के दौरान विजय ने नीट को लेकर अलग रुख अपनाया था, जबकि निति आयोग की बैठक में उन्होंने मेडिकल कॉलेजों में दाखिले के लिए बारहवीं कक्षा के अंकों के आधार पर प्रवेश की वकालत की। उदयनिधि ने इसे विरोधाभासी बताते हुए कहा कि जनता को यह स्पष्ट किया जाना चाहिए कि सरकार की वास्तविक नीति क्या है।विपक्ष के नेता ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री विजय ने दिल्ली जाकर भी मेकेदातु बांध परियोजना के मुद्दे को प्रभावी ढंग से नहीं उठाया।
उन्होंने यह भी दावा किया कि मुख्यमंत्री ने इस विषय पर कर्नाटक में सत्ता में मौजूद अपने नए सहयोगी दल कांग्रेस के सामने भी कोई ठोस आपत्ति दर्ज नहीं कराई। हालांकि निति आयोग की बैठक में मुख्यमंत्री ने तमिलनाडु के लिए नीट से छूट की मांग रखने के साथ-साथ समग्र शिक्षा योजना के तहत 3,284 करोड़ रुपये जारी करने की भी मांग की थी।उदयनिधि स्टालिन ने अपने बयान में कहा कि वर्तमान सरकार ने पूर्ववर्ती सरकार की उपलब्धियों को अपनी उपलब्धि बताने की कोशिश की है। उन्होंने दावा किया कि जनता को भ्रमित करके हासिल की गई राजनीतिक सफलता लंबे समय तक नहीं टिकेगी और अंततः सच्चाई सामने आएगी।
दूसरी ओर मुख्यमंत्री विजय ने निति आयोग की बैठक में तमिलनाडु के विकास, आर्थिक प्रगति, शिक्षा और सामाजिक कल्याण से जुड़े विभिन्न आंकड़े पेश करते हुए राज्य के भविष्य का विजन सामने रखा।
