धनकुबेर इंजीनियर: पांच इमारतें-14 प्लॉट और करोड़ से ज्यादा कैश बरामद, नोट गिनते-गिनते थके अधिकारी
#WATCH | Odisha: Odisha Vigilance conducted simultaneous searches at multiple locations following allegations that Baikuntha Nath Behera, Assistant Executive Engineer at ITDA, Baliguda, possesses assets
#WATCH | Odisha: Odisha Vigilance conducted simultaneous searches at multiple locations following allegations that Baikuntha Nath Behera, Assistant Executive Engineer at ITDA, Baliguda, possesses assets disproportionate to his known sources of income. During the searches,… pic.twitter.com/Z9ZoZ1Dj9e जांच के दौरान बेहेरा के पास से दो करोड़ रुपये से ज्यादा का नकद कैश मिला है। इसके साथ ही पांच आलीशान बहुमंजिला इमारतें और 14 कीमती जमीन के प्लॉट भी मिले हैं। विजिलेंस विभाग को 341 ग्राम सोने के गहने और 45 लाख रुपये से ज्यादा के बैंक डिपॉजिट का पता चला है।अधिकारियों ने बताया कि बेहेरा और उनकी पत्नी के नाम पर कुल चार बैंक लॉकर मिले हैं।
इनमें से दो लॉकरों से ही दो करोड़ रुपये से ज्यादा कैश बरामद हुआ। बैंक मशीनों की मदद से नोटों की गिनती अभी चल रही है। विजिलेंस की तकनीकी टीम इमारतों और जमीनों की सही कीमत का पता लगा रही है। साथ ही सोने के गहनों और अन्य निवेशों के कागजात भी जांचे जा रहे हैं।यह छापेमारी भुवनेश्वर, बारीपदा, जाजपुर के धर्मशाला और कंधमाल के बालीगुडा में एक साथ की गई। इस पूरी कार्रवाई को अंजाम देने के लिए विजिलेंस की कई टीमें बनाई गई थीं।
इन टीमों में दो एडिशनल एसपी, पांच डीएसपी और छह इंस्पेक्टर के साथ अन्य कर्मचारी शामिल थे। भुवनेश्वर की स्पेशल विजिलेंस कोर्ट ने इन छापों के लिए सर्च वारंट जारी किया था।विजिलेंस के रिकॉर्ड के अनुसार, बैकुंठ नाथ बेहेरा ने साल 1999 में सरकारी नौकरी शुरू की थी। उस समय वह नबरंगपुर ब्लॉक में जूनियर इंजीनियर थे और उनका वेतन केवल 6,000 रुपये था। इसके बाद उन्होंने नबरंगपुर और उडाला में अलग-अलग पदों पर काम किया। अक्टूबर 2016 में उन्हें असिस्टेंट इंजीनियर के पद पर प्रमोशन मिला।
इसके बाद फरवरी 2026 (रिकॉर्ड के अनुसार) में वह असिस्टेंट एग्जीक्यूटिव इंजीनियर बने और बालीगुडा में उनकी तैनाती हुई।एक दूसरी कार्रवाई में विजिलेंस ने कटक जिले के नरसिंहपुर में एक लाइनमैन धर्म निरंजन चौधरी को गिरफ्तार किया। उसने एक किसान के खेत से खराब बिजली का खंभा बदलने के बदले 15,000 रुपये की रिश्वत मांगी थी। विजिलेंस ने उसे रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा।
