विजय की 'जन नायगन' ने कैसे बदला 'भगवंत केसरी' का फॉर्मूला?
सेंसर बोर्ड से सात महीने लंबी लड़ाई, कई विवादों और एन वक्त पर हुए बदलावों के बाद आखिरकार थलपति विजय की विदाई फिल्म 'जन नायगन'
सेंसर बोर्ड से सात महीने लंबी लड़ाई, कई विवादों और एन वक्त पर हुए बदलावों के बाद आखिरकार थलपति विजय की विदाई फिल्म 'जन नायगन' (या 'जन नेता') बड़े पर्दे पर आ ही गई. फिल्म के रिलीज होते ही दर्शकों के मन में उठ रहे तमाम सवालों पर से पर्दा हट गया है, खासकर इस बात से कि यह नंदमुरी बालकृष्ण की सुपरहिट फिल्म 'भगवंत केसरी' से कितनी अलग या प्रेरित है. सच तो यह है कि अगर यह महज एक रीमेक होती, तो इसे तय समय पर रिलीज होने से कोई नहीं रोक पाता.
