पंजाब में 96 घंटे में ₹200 करोड़ का 'खेल':28 साल बाद अफसर प्रमोट, तीसरे दिन 6 महिलाओं के नाम जमीन की, चौथे दिन रिटायर
पंजाब में केंद्रीय एजेंसी इन्फोर्समेंट डायरेक्टोरेट (ED) की पठानकोट में रेड के बाद 96 घंटे में 92 एकड़ शामलात वाली सरकारी जमीन हड़पने के खेल
पंजाब में केंद्रीय एजेंसी इन्फोर्समेंट डायरेक्टोरेट (ED) की पठानकोट में रेड के बाद 96 घंटे में 92 एकड़ शामलात वाली सरकारी जमीन हड़पने के खेल की पूरी कहानी सामने आई है। रावी नदी के पास की इस जमीन के लिए 28 साल बाद एक ब्लॉक डेवलपमेंट एवं पंचायत अफसर (BDPO) को प्रमोट किया गया। फिर एडिशनल डिप्टी कमिश्नर (ADC) का चार्ज दिया गया। चार्ज संभालते ही अफसर ने ये 200 करोड़ की जमीन पंचायत के बजाय 6 महिलाओं के नाम पर करने के आदेश दे दिए।
अगले दिन अफसर रिटायर हो गया। इस मामले में पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने भी केस दर्ज किया लेकिन अब ED की एंट्री से न केवल पूरी कहानी सामने आ रही है बल्कि '96 घंटे के खेल की पूरी स्क्रिप्ट', अवैध माइनिंग और मनी लॉन्ड्रिंग के नेटवर्क की परतें भी खुल रही हैं। सरकारी जमीन के साथ यह खेल कैसे हुआ, ये जानने के लिए ED की जांच रिपोर्ट के हवाले से पढ़िए पूरी रिपोर्ट… सरकारी जमीन के लिए ऐसे तैयार हुई 96 घंटे की 'स्क्रिप्ट' पूरे मामले का खुलासा कैसे हुआ:- ED की जांच से जुड़ी 5 अहम बातें:- किसने कहने पर आदेश, किसे फायदा, जानिए अब आगे क्या?
अब ED की नजर सिर्फ जमीन के आदेश पर नहीं, बल्कि उन 96 घंटों में लिए गए हर प्रशासनिक फैसले पर है। जांच एजेंसी यह पता लगा रही है कि किसके कहने पर फैसले हुए, उनसे किसे फायदा पहुंचा
और सरकारी जमीन, अवैध माइनिंग व मनी लॉन्ड्रिंग के इस पूरे नेटवर्क से आर्थिक लाभ किन लोगों तक पहुंचा। आने वाले दिनों में इसी मनी ट्रेल और दस्तावेजी साक्ष्यों के आधार पर जांच का दायरा और बढ़ सकता है।